Monday, February 10, 2020

मुफ्त



हारा जीता 'मुफ्त' में ,बना तमाशा खेल।
परिपाटी मतदान की,'बिरयानी' सँग मेल।
बिरयानी का मेल,'बाग'के होते चर्चे ।
नेताओं की जीत ,कराती कितने खर्चे ।
अपशब्दों का दौर ,किसी को 'डंडा"मारा।
हुआ 'मुफ्त'का लोभ ,तंत्र हरदम ही हारा।

अनिता सुधीर

4 comments:

  1. गजब! सामायिक विषय पर सार्थक सृजन।
    बहुत सुंदर।

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